06 जनवरी 2026 (भारत बानी ब्यूरो): लुधियानासैंट्रल बोर्ड ऑफ सैकेंडरी एजुकेशन (सी.बी.एस.ई.) से संबद्ध स्कूलों के प्रिंसीपल्स को देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में कौशल, अनुभव आधारित शिक्षा और उभरते शैक्षणिक ट्रैंड्स से रू-ब-रू होने का अवसर मिलेगा। इसके लिए सी.बी.एस.ई. देश के चुनिंदा संस्थानों में प्रिंसीपल्स का एक्सपोजर दौरा कराएगा।यह दौरा 22 जनवरी से 30 जनवरी तक आयोजित किया जाएगा जिसमें भाग लेने के लिए प्रिंसीपल्स को रजिस्ट्रेशन कराना होगा। सी.बी.एस.ई .राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप अपने संबद्ध स्कूलों में कौशल और व्यावसायिक शिक्षा को बढ़ावा देने पर जोर दे रहा है। इसी दिशा में बोर्ड ने 2 वर्ष पहले प्रिंसीपल्स के लिए एक्सपोजर विजिट योजना शुरू की थी जिसके तहत समय-समय पर देश के नामचीन संस्थानों का चयन किया जाता है।
देशभर से चुने गए ये 5 संस्थान
इस बार बोर्ड द्वारा देशभर से 5 प्रमुख संस्थानों को चुना गया है। चयनित संस्थानों में मुमबई की एटलस स्किल टैक यूनिवर्सिटी, पंजाब की लवली प्रोफैशनल यूनिवर्सिटी, असम स्थित टाटा इंस्टीच्यूट ऑफ सोशल साइंसेज, झारखंड का बिरला इंस्टीच्यूट ऑफ टैक्नोलॉजी और पश्चिम बंगाल स्थित फुटवियर डिजाइन एंड डिवैल्पमैंट इंस्टीच्यूट शामिल हैं। इन दौरों के माध्यम से प्रिंसीपल्स को आधुनिक शिक्षा पद्धतियों को समझने और उन्हें अपने स्कूलों में लागू करने का मौका मिलेगा।
डॉ. सत्वंत कौर भुल्लर, प्रिं. डीएवी स्कूल, पक्खोवाल रोड ने कहा कि “सी.बी.एस.ई. की यह योजना बेहद सराहनीय है, क्योंकि इससे प्रिंसीपल्स को नई और उभरती तकनीकों को प्रत्यक्ष रूप से देखने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि प्रतिष्ठित संस्थानों का यह दौरा न केवल शैक्षणिक ज्ञान को बढ़ाएगा बल्कि स्कूलों में व्यावसायिक शिक्षा और कौशल विकास के नए आयाम स्थापित करने में भी मील का पत्थर साबित होगा।”
सारांश:
CBSE ने शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने की दिशा में नई पहल की है। इसके तहत स्कूल प्रिंसिपल्स को देश के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों का विशेष एक्सपोजर दौरा कराया जाएगा, ताकि वे आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, नवाचारों और बेहतर प्रशासनिक अनुभवों से रूबरू हो सकें।
