22 जनवरी 2026 (भारत बानी ब्यूरो ) : भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने गुरुवार को वित्त वर्ष 2025-26 की तिसरी तिमाही के नतीजों का ऐलान किया। दिसंबर तिमाही में एयरलाइन को भारी– भरकम नुकसान उठाना पड़ा है। Q3FY26 में एयरलाइन का मुनाफा 78 फीसदी घटकर 549.1 करोड़ रुपये रह गया। उड़ानों में व्यवधान और नए श्रम कानून के लागू होने से कंपनी की कमाई पर असर पड़ा। एक साल पहले की समान अवधि में इंडिगो ने 2,448.8 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया था। बता दें कि पायलटों की कमी के कारण दिसंबर महीने में एयरलाइन को अपनी हजारों उड़ानों को रद्द करना पड़ा था, जिससे देश के एविएशन सेक्टर में अफरा-तफरी मच गई थी।

फ्लाइट कैंसिलेशन से हुआ ₹577 करोड़ का नुकसान

कंपनी ने बताया कि तीसरी तिमाही में उसे कुल 1,546.5 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। इसमें से 577.2 करोड़ रुपये का नुकसान दिसंबर की शुरुआत में हुई फ्लाइट कैंसिलेशन के कारण हुआ और 969.3 करोड़ रुपये नए श्रम कानून लागू होने के चलते हुआ।

इंडिगो को फ्लाइट कैंसिलेशन के लिए 22.2 करोड़ रुपये का जुर्माना भी भुगतना पड़ा, जिसे कंपनी ने अपवाद आइटम्स में दिखाया है। साथ ही, डॉलर आधारित फ्यूचर ऑबिगेशन के कारण मुद्रा परिवर्तन से 1,035 करोड़ रुपये का अतिरिक्त असर दिसंबर तिमाही में पड़ा।

इंडिगो की कमाई बढ़ी

वर्तमान वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में, इंडिगो की पैरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन ने 24,540.6 करोड़ रुपये की कुल आय दर्ज की, जो एक साल पहले इसी अवधि में 22,992.8 करोड़ रुपये थी।

सारांश:
IndiGo ने Q3FY26 में बड़ा झटका झेला है। कंपनी का शुद्ध मुनाफा 78% गिरकर ₹549.1 करोड़ रह गया। इसका मुख्य कारण फ्लाइट कैंसिलेशन, ऑपरेशनल चुनौतियां और बढ़ती लागत रही। खराब मौसम, तकनीकी कारणों और एयरक्राफ्ट की उपलब्धता में कमी से कई उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जिससे रेवेन्यू पर असर पड़ा। हालांकि, यात्रियों की मांग बनी रही, लेकिन खर्च बढ़ने से कंपनी की कमाई पर दबाव रहा।

Bharat Baani Bureau

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