25 फरवरी 2026 (भारत बानी ब्यूरो ) : प्राइवेट सेक्टर के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक ने चंडीगढ़ स्थित अपनी एक शाखा में हरियाणा सरकार के कुछ विभागों के खातों से जुड़े एक मामले पर स्पष्टीकरण जारी किया है। बैंक के हालिया खुलासों के अनुसार, शुरुआती जांच में पाया गया है कि शाखा के कुछ कर्मचारियों ने कथित रूप से जाली दस्तावेजों और भुगतान निर्देशों को क्लियर करने में धोखाधड़ी की, जिसमें बाहरी पक्षों की संभावित मिलीभगत भी शामिल हो सकती है। मामले की जांच संबंधित एजेंसियों द्वारा की जा रही है
₹583 करोड़ का भुगतान तत्काल किया
जांच जारी रहने के बावजूद बैंक ने हरियाणा सरकार के संबंधित विभागों द्वारा दावा की गई मूलधन और ब्याज की 100% राशि, कुल ₹583 करोड़ तुरंत चुका दी है। अंतिम राशि आगे के समायोजन या अतिरिक्त दावों के आधार पर बदल सकती है। हरियाणा सरकार के विभागों ने इस मामले में बैंक की त्वरित कार्रवाई, सिद्धांत आधारित दृष्टिकोण और पेशेवर व्यवहार की सराहना की है। बैंक ने स्पष्ट किया कि वह हरियाणा सरकार और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ मिलकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करेगा।
वित्तीय रूप से मजबूत और अच्छी तरह पूंजीकृत
बैंक ने कहा कि वह वित्तीय रूप से मजबूत और पर्याप्त पूंजी वाला संस्थान है। 31 दिसंबर 2025 तक फिक्स्ड डिपॉजिट के लिए CRISIL द्वारा AAA रेटिंग, दीर्घकालिक रेटिंग में CRISIL, ICRA, India Ratings और CARE से AA+ रेटिंग मिली है। कुल कस्टमर बिजनेस (लोन और डिपॉजिट) ₹5,62,090 करोड़, जो साल-दर-साल 22.6% की वृद्धि दर्शाता है। आंकड़ों को देखें तो GNPA 1.69%, नेट NPA 0.53%, कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो: 16.22% और CASA रेशियो 51.6% है।
Q3FY26 में बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) 5.76% रहा। बैंक वर्तमान में निवेश चरण में है और टेक्नोलॉजी, शाखाओं, एटीएम, ग्रामीण बैंकिंग, कॉरपोरेट बैंकिंग, कैश मैनेजमेंट, ट्रेड फाइनेंस, NRI सेवाओं, क्रेडिट कार्ड्स और अन्य यूनिवर्सल बैंकिंग समाधानों में निवेश कर रहा है। बैंक को उम्मीद है कि FY27 से इन निवेशों का लाभ मुनाफे में दिखाई देगा।
डिजिटल और टेक्नोलॉजी आधारित बैंकिंग
बैंक का टेक्नोलॉजी आर्किटेक्चर आधुनिक और क्लाउड-आधारित है, जो बेहतर ग्राहक अनुभव प्रदान करता है। इसकी मोबाइल बैंकिंग ऐप को वैश्विक रिसर्च फर्म Forrester द्वारा दुनिया में दूसरे स्थान पर रैंक किया गया है। ऐप को गूगल पर 4.9 और iOS पर 4.8 की उच्च रेटिंग प्राप्त है।
सारांश:
चंडीगढ़ शाखा में हाल ही में हेराफेरी के मामले के बाद IDFC FIRST Bank ने अपना आधिकारिक बयान जारी किया है। बैंक ने स्पष्टीकरण में कहा कि मामले की जांच जारी है और उन्होंने सभी नियमों और प्रक्रियाओं का पालन किया है। बैंक ने ग्राहकों और जनता को भरोसा दिलाया कि किसी भी अनियमितता की स्थिति में उचित कदम उठाए जा रहे हैं और मामले को पारदर्शिता के साथ सुलझाया जाएगा।
