12 जनवरी 2026 (भारत बानी ब्यूरो ): पंजाब में शीत लहर के बीच कोहरे का कहर जारी है। मौसम विभाग चंडीगढ़ के अनुसार बठिंडा 1.6 डिग्री सैल्सियस तापमान के साथ पंजाब में सबसे ठंडा रहा। वहीं पहाड़ों में हो रही बर्फबारी के कारण मैदानी इलाकों में भारी ठंड का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। मौसम विभाग द्वारा जारी किए गए आकड़ों के मुताबिक 12 से 15 जनवरी तक ‘यैलो अलर्ट’ रहेगा व इसके बाद मौसम में सुधार देखने को मिलेगा। वहीं, पंजाब के बार्डर एरिया वाले कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट भी बताया गया है। आलम यह है कि ठंड का कहर पंजाब के हर हिस्से में नजर आ रहा है, पटियाला की बात की जाए तो वहां का न्यूनतम तापमान 3.8 जबकि बठिंडा का न्यूनतम तापमान 1.6 डिग्री रिकार्ड किया गया। पंजाब भर में न्यूनतम तापमान 6 डिग्री के आसपास रिकार्ड हुआ है जोकि भारी ठंड बता रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि धूप निकलने के चलते फिलहाल दोपहर में मौसम सामान्य होने लगा है लेकिन जिला जालंधर के दिन रात के तापमान में 14 डिग्री से अधिक अंतर देखने को मिल रहा है, इस तरह के मौसम में बीमारियां होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके चलते सावधानियां अपनाने की जरूरत है क्योंकि यह अंतर आम जनजीवन को बेहाल कर रहा है। दोपहर को धूप के दौरान लोग कपड़े कम कर देते है और शाम को कई लोग कपड़ों की संख्या बढ़ाना भूल जाते है जोकि ठंड लगने का कारण बन सकता है। इसलिए शाम के समय घरों से बाहर जाने वालों को अपना बचाव करने के प्रति गंभीरता दिखानी चाहिए। आलम यह है कि आम जनजीवन को बेहद प्रभावित हो रहा है। खासतौर पर सड़क किनारे जीवन यापन करने वालों को 24 घंटे के भीतर तापमान में 14 डिग्री तक के अंतर का सामना करना पड़ रहा है जोकि सामान्य से अधिक है।
न्यूनतम तापमान 2 डिग्री बढ़ने के आसार
न्यूनतम तापमान की बात की जाए तो सुबह-शाम को ठंड का जोर जारी रहेगा। इसके चलते 48 घंटों में न्यूनतम तापमान 1-2 डिग्री तक बढ़ने की संभावना है। विशेषज्ञों का कहना है कि धरती के अंदर की ठंड को कम करने के लिए क्रमवार धूप की जरूरत है। लगातार धूप लगने के चलते वातारण में घूल चुकी ठंडक कम होने लगेगी जिसके बाद धीरे-धीरे तापमान बढ़ेगा और न्यूनतम तापमान 6-7 डिग्री तक पहुंच जाएगा। वहीं, अधिकतम तापमान भी 20 डिग्री तक पहुंच सकता है।
ठंड के चलते लोहड़ी के पर्व का आनंद बढ़ा
भारी ठंड में आ रहे लोहड़ी के पर्व ने आग जलाने के आनंद को और भी बढ़ा दिया। लोहड़ी के पूर्व ठंड के चलते शहर में जगह-जगह लोग आग के आसपास बैठे देखे जा सकते हैं। शीत लहर के कारण शाम के समय लोग आग जलाकर समय गुजराते हुए देखे जा सकते हैं। वहीं, लोहड़ी के पूर्व बढ़ी हुई ठंड के कारण लकड़ी व कोयले का कारोबार करने वालों के यहां ग्राहकों का भारी रश देखने को मिल रही है।
सारांश:
पंजाब में शीतलहर के चलते ठंड का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। कई इलाकों में सुबह और रात के समय कंपकंपी वाली ठंड महसूस की जा रही है। राज्य में बठिंडा सबसे ठंडा शहर दर्ज किया गया, जहां न्यूनतम तापमान सबसे कम रहा। ठंड बढ़ने से लोगों को दैनिक कार्यों में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
