Notice: Trying to get property 'post_content' of non-object in /home/bharatbaani/htdocs/bharatbaani.com/wp-content/plugins/custom-css-js/custom-css-js.php on line 203

ब्रासीलिया/नई दिल्ली 07 जुलाई 2025 (भारत बानी ब्यूरो ) : ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2025 के साझा घोषणापत्र में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले की धारा 34 में कड़ी शब्दों में निंदा की गई है. इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान गई थी और कई गंभीर रूप से घायल हुए थे. घोषणापत्र में इस हमले को “आतंकवाद की क्रूर और अमानवीय कार्रवाई” बताया गया है. इस मंच पर भारत को मिला यह समर्थन उसकी डिप्लोमैटिक सफलता के रूप में देखा जा रहा है.

हालांकि पूरे घोषणापत्र में ‘पाकिस्तान’ शब्द का सीधे तौर पर कहीं उल्लेख नहीं है, लेकिन “सीमा-पार आतंकवादियों की आवाजाही”, “सुरक्षित पनाहगाह” और “आतंक के लिए वित्तीय सहयोग” जैसे शब्दों का प्रयोग यह स्पष्ट करता है कि इशारा पाकिस्तान की ओर ही है. यह भारत के लिए राजनयिक बढ़त है जिसने वैश्विक मंच पर बिना टकराव के आतंक के स्रोत की ओर ध्यान खींचा है.

आतंकवाद पर ‘शून्य सहनशीलता’, दोहरे मापदंडों को नकारा गया
घोषणापत्र में आतंकवाद को लेकर बेहद सख्त रुख अपनाया गया है. इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि आतंकवाद को किसी भी धर्म, नस्ल या राष्ट्रीयता से जोड़ना पूरी तरह अनुचित है. सभी सदस्य देशों ने आतंकवाद के खिलाफ ‘शून्य सहनशीलता’ (zero tolerance) की नीति अपनाने पर सहमति जताई है.

साथ ही, इस बात पर जोर दिया गया है कि आतंकवाद से निपटने में दोहरे मापदंड (डबल स्टैंडर्ड्स) अब स्वीकार नहीं किए जाएंगे. जो भी व्यक्ति या संगठन आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त हैं या उनका समर्थन करते हैं, उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए और न्याय के कटघरे में लाया जाना चाहिए.

अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत सख्त कार्रवाई की मांग
ब्रिक्स देशों ने यह भी जोर दिया कि आतंकवाद से लड़ने की प्राथमिक जिम्मेदारी राष्ट्रों की है, लेकिन यह कार्य संयुक्त राष्ट्र चार्टर, अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार कानून, शरणार्थी कानून और मानवीय कानून के तहत होना चाहिए. उन्होंने UN द्वारा सूचीबद्ध आतंकियों और संगठनों के खिलाफ ठोस व समन्वित कार्रवाई की अपील भी की.

आतंकवाद के खिलाफ सहयोग को मिलेगा नया आधार
घोषणापत्र में ब्रिक्स आतंकवाद-रोधी कार्य समूह (CTWG) और इसके 5 उप-समूहों की गतिविधियों की सराहना की गई है, जो संगठन की रणनीति और कार्य योजना के तहत काम कर रहे हैं. इसके साथ ही “अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद पर व्यापक सम्मेलन” को जल्द अंतिम रूप देने की मांग की गई है.

सारांश:
BRICS ने पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि आतंकवाद के लिए कोई बहाना नहीं चलेगा। इस बयान में पाकिस्तान को चेतावनी देते हुए स्पष्ट संदेश दिया गया है।

Bharat Baani Bureau

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *