11 नवंबर 2025 (भारत बानी ब्यूरो ) : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 50 फीसदी टैरिफ थोपने के बाद पहली बार कहा है कि वे इसे कम करने वाले हैं क्योंकि भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील पर बात बनने वाली है. उन्होंने ये गुड न्यूज भारत में अमेरिका के नए राजदूत सर्जियो गोर के शपथ समारोह में कही. इस दौरान वे भारत के साथ अमेरिका के रिश्ते सुधारने पर भी जोर देते नजर आए लेकिन उन्होंने एक बार फिर रूसी तेल का मुद्दा छेड़ दिया. उन्होंने दावा कि भारत के साथ उनका समझौता तभी हुआ है, जब वो रूसी तेल की खरीद को कम कर रहा है.
इसी बीच रूस की ओर से ये पुष्टि की गई है कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भारत की यात्रा पर आने वाले हैं. क्रेमलिन की ओर से कहा गया है कि पुतिन की भारत यात्रा की तैयारियां तेजी से चल रही हैं और साल 2025 के अंत से पहले ही इसके होने की उम्मीद है. यह यात्रा दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है. साथ ही इस दौरे से ये बात साफ हो जाएगी कि ट्रंप के रूसी तेल खरीद वाले दावों में कितना दम है क्योंकि न तो भारत और न ही रूस ने इसे लेकर कोई पुष्टि की है.
अगले महीने होगा पुतिन का दौरा
क्रेमलिन प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने रूसी समाचार एजेंसी TASS से कहा- ‘हम पुतिन की भारत यात्रा की सक्रिय तैयारी कर रहे हैं, जो इस साल के अंत से पहले होने की योजना में है. हमें उम्मीद है कि यह एक सार्थक और ऐतिहासिक दौरा होगा.’ भारतीय मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक इस शिखर बैठक के दौरान भारत और रूस के बीच एक लेबर मोबिलिटी एग्रीमेंट पर दस्तखत हो सकते हैं. इस समझौते के तहत आने वाले वर्षों में भारतीय नागरिकों को रूस में आधिकारिक तौर पर रोजगार मिलने की संभावना और बढ़ेगी. हालांकि पेस्कोव ने कहा कि समझौतों से जुड़ी आधिकारिक घोषणाएं समय आने पर की जाएंगी.
3 साल बाद पुतिन आएंगे भारत
यह यात्रा खास इसलिए भी होगी क्योंकि पुतिन की यह 2021 के बाद पहली भारत यात्रा होगी. इससे पहले दोनों नेता इस साल 1 सितंबर को चीन के तिआनजिन शहर में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान मिले थे. भारत और रूस के बीच रणनीतिक साझेदारी समझौता 3 अक्टूबर 2000 को हुआ था, जो आज भी दोनों देशों के रिश्तों की मजबूत नींव है. इसी बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी भारत को लेकर अहम बयान दिया. उन्होंने कहा कि अमेरिका और भारत के बीच व्यापार वार्ताएं अच्छे स्तर पर हैं और यह भी दावा किया कि भारत ने रूसी तेल की खरीद में भारी कमी की है. ऐसे में रूसी राष्ट्रपति के दौरे से तस्वीर और साफ होगी.
डोनाल्ड ट्रंप घटाने वाले हैं टैरिफ?
डोाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को भारत के नए अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर के शपथ ग्रहण समारोह में कहा कि हम भारत के साथ एक नया और बेहतर समझौता करने जा रहे हैं. उन्होंने ये भी कहा कि हम सबके लिए फायदेमंद सौदे के करीब हैं. इस दौरान ट्रंप पीएम मोदी की भी तारीफ करते हुए कहा कि वे पीएम मोदी के साथ नियमित संपर्क में हैं और दोनों देशों के रिश्ते पहले से कहीं बेहतर हो रहे हैं. ट्रंप ने हाल ही में कहा था कि वह अगले साल भारत का दौरा कर सकते हैं. ऐसे में अगर पुतिन की यात्रा तय समय पर होती है, तो यह साल के अंत में भारत-रूस-अमेरिका त्रिकोणीय कूटनीति की दिशा में बेहद अहम साबित हो सकता है.
