7 अगस्त, 2026 (भारत बानी ब्यूरो ) : भारतीय मूल के एक नासा (NASA) अंतरिक्ष यात्री और उनके सहयोगी ने अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) के उन्नयन के लिए 6 घंटे 27 मिनट तक सफल स्पेसवॉक (अंतरिक्ष भ्रमण) किया। इस मिशन के दौरान दोनों अंतरिक्ष यात्रियों ने स्टेशन के बाहरी हिस्से में कई तकनीकी कार्य पूरे किए।
नासा के अनुसार, स्पेसवॉक का मुख्य उद्देश्य अंतरिक्ष स्टेशन की प्रणालियों को अपग्रेड करना, नए उपकरण स्थापित करना और भविष्य के वैज्ञानिक अभियानों के लिए आवश्यक हार्डवेयर तैयार करना था। दोनों अंतरिक्ष यात्रियों ने निर्धारित समय के भीतर सभी प्रमुख कार्य सफलतापूर्वक पूरे किए।
यह स्पेसवॉक अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के नियमित रखरखाव और आधुनिकीकरण कार्यक्रम का हिस्सा था। ऐसे अभियानों के जरिए स्टेशन की कार्यक्षमता बढ़ाई जाती है और लंबे समय तक मानव मिशनों के संचालन को सुनिश्चित किया जाता है।
भारतीय मूल के अंतरिक्ष यात्री की इस उपलब्धि को भारत और वैश्विक अंतरिक्ष समुदाय के लिए गर्व का क्षण माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरिक्ष स्टेशन पर किए गए ऐसे तकनीकी कार्य भविष्य के चंद्र और मंगल अभियानों की तैयारी में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
नासा ने दोनों अंतरिक्ष यात्रियों के सुरक्षित स्पेसवॉक और मिशन की सफलता पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि स्टेशन के उन्नयन का कार्य आगे भी जारी रहेगा।
