09 मार्च 2026 (भारत बानी ब्यूरो ) : आईटी कंपनी टेक महिंद्रा ने 9 मार्च 2026 (सोमवार) को सोशल मीडिया और बाजार में फैली बड़े पैमाने पर छंटनी (मास लेऑफ) की अफवाहों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। कंपनी ने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों की संख्या में किसी बड़े कटौती का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। स्टॉक एक्सचेंज (BSE और NSE) को भेजे गए आधिकारिक स्पष्टीकरण में टेक महिंद्रा ने कहा कि कंपनी को कई फोन कॉल्स आए और सोशल मीडिया पर पोस्ट्स देखी गईं, जिनमें हेडकाउंट में भारी कमी की अफवाह फैलाई जा रही थी।
सोशल मीडिया पर हेडकाउंट में बड़े पैमाने पर कमी की अफवाह
खबर के मुताबिक, इन अफवाहों के चलते कंपनी ने खुद से ही यह बयान जारी करना जरूरी समझा। कंपनी ने बयान में कहा कि कंपनी को कॉल्स मिले हैं और सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट्स देखी गई हैं, जिनमें हेडकाउंट में बड़े पैमाने पर कमी की बाजार अफवाह फैलाई जा रही है। उपरोक्त अफवाहों के मद्देनजर, कंपनी स्वयं इसे स्टॉक एक्सचेंज को स्पष्ट करना जरूरी समझती है कि ऐसा कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है और कंपनी ऐसी किसी भी बाजार अफवाह को स्पष्ट रूप से नकारती है।
बढ़ गई थी चिंता
टेक महिंद्रा ने यह भी दोहराया कि वह मार्केट रेगुलेटर SEBI की लिस्टिंग रेगुलेशंस के तहत सभी डिस्क्लोजर नियमों का पूरी तरह पालन कर रही है और भविष्य में भी करती रहेगी। यह स्पष्टीकरण ऐसे समय में आया जब हाल के दिनों में आईटी सेक्टर में छंटनी की खबरें और अफवाहें तेजी से फैल रही थीं, खासकर सोशल मीडिया और कर्मचारी ग्रुप्स में 15,000 से 30,000 तक की कटौती की बातें चल रही थीं। इन चर्चाओं से कर्मचारियों, शेयरधारकों और निवेशकों में चिंता बढ़ गई थी।
कंपनी ने इन सभी अफवाहों को बेबुनियाद बताते हुए सभी को आश्वस्त किया है कि फिलहाल कोई ऐसी योजना नहीं है। यहां बता दें, यह जानकारी 9 मार्च 2026 की सुबह के आधार पर है। बाजार की स्थितियां और कंपनी की नीतियां बदल सकती हैं, इसलिए नवीनतम अपडेट के लिए टेक महिंद्रा की आधिकारिक वेबसाइट, स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग्स या विश्वसनीय न्यूज स्रोतों की जांच जरूर करें।
सारांश:
Tech Mahindra ने हाल ही में 15,000 से 30,000 कर्मचारियों की छंटनी की अफवाहों पर सफाई दी है। कंपनी ने स्पष्ट किया कि यह खबर गलत है और उन्होंने कर्मचारियों के भविष्य को लेकर कोई निर्णय नहीं लिया है। कंपनी ने कहा कि ये अफवाहें भरोसेमंद नहीं हैं और संगठन में किसी बड़े कटौती की योजना फिलहाल नहीं है।
