27 अक्टूबर 2026 (भारत बानी ब्यूरो) : दिल्ली के कप्तान आयुष बडोनी ने रणजी ट्रॉफी 2026-27 में शानदार बल्लेबाजी करते हुए लगातार दूसरे मैच में दोहरा शतक जड़ दिया। झारखंड के खिलाफ रांची में खेले जा रहे मुकाबले में बडोनी ने यह उपलब्धि हासिल कर प्रथम श्रेणी क्रिकेट के रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराया। इससे पहले उन्होंने गुजरात के खिलाफ पिछले मैच में 217 रन की शानदार पारी खेली थी।
26 वर्षीय बडोनी ने झारखंड के खिलाफ अपनी पारी को दूसरे दिन आगे बढ़ाते हुए 216 गेंदों में 200 रन पूरे किए। उनकी पारी में 28 चौके और तीन छक्के शामिल रहे। पिछले मैच में गुजरात के खिलाफ बनाए गए 217 रन उनके प्रथम श्रेणी करियर का सर्वश्रेष्ठ स्कोर हैं। लगातार दो रणजी मुकाबलों में दोहरा शतक लगाने से बडोनी की निरंतरता और लंबी पारी खेलने की क्षमता सामने आई है।
दिग्गज भारतीय बल्लेबाजों की सूची में शामिल
लगातार दो प्रथम श्रेणी पारियों में दोहरा शतक लगाने की उपलब्धि हासिल करने वाले बडोनी 21वें भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं। इस सूची में गौतम गंभीर और विराट कोहली जैसे नाम भी शामिल हैं। ऐतिहासिक रिकॉर्ड के मुताबिक, प्रथम श्रेणी क्रिकेट में कोई बल्लेबाज लगातार पारियों में दोहरे शतक लगाने की उपलब्धि दो से अधिक बार हासिल नहीं कर पाया है।
इस उपलब्धि का इतिहास 1900 और 1901 में लगातार दो प्रथम श्रेणी पारियों में दोहरे शतक लगाने वाले केएस रणजीतसिंहजी से भी जुड़ा है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, रणजीतसिंहजी ऐसे भारतीय बल्लेबाज रहे हैं जिन्होंने यह कारनामा दो बार किया। बडोनी का प्रदर्शन इसी ऐतिहासिक सूची में एक और उल्लेखनीय अध्याय जोड़ता है।
गुजरात के खिलाफ भी खेली थी बड़ी पारी
इससे पहले गुजरात के खिलाफ बडोनी ने 217 रन बनाए थे। उस पारी ने दिल्ली को मजबूत स्थिति में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। झारखंड के खिलाफ मुकाबले के पहले दिन भी उन्होंने शतक पूरा कर लिया था और दूसरे दिन उसे दोहरे शतक में बदल दिया।
दिल्ली के लिए बडोनी का यह प्रदर्शन ऐसे समय आया है, जब टीम रणजी ट्रॉफी में मजबूत स्थिति बनाने की कोशिश कर रही है। कप्तान के तौर पर उनकी बड़ी पारियां टीम के मध्यक्रम को स्थिरता दे रही हैं और चयनकर्ताओं के सामने भी उनके दावे को मजबूत कर सकती हैं।
भारतीय टीम में जगह बनाने की दावेदारी
बडोनी घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं और उन्हें जनवरी 2026 में पहली बार भारतीय सीनियर टीम में जगह मिली थी। वह इंडिया-ए टीम का भी हिस्सा रहे हैं। हालांकि, टेस्ट टीम में नियमित स्थान हासिल करने के लिए उन्हें घरेलू क्रिकेट में इस तरह का प्रदर्शन लगातार जारी रखना होगा।
लगातार दूसरे रणजी मैच में दोहरा शतक बडोनी के करियर का बड़ा पड़ाव है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि वह इस फॉर्म को टूर्नामेंट के आगामी मुकाबलों में किस तरह बरकरार रखते हैं और दिल्ली को कितनी मजबूती से आगे ले जाते हैं।
