11 सितंबर, 2026 (भारत बानी ब्यूरो): भारतीय एथलेटिक्स में उस समय नया इतिहास बना जब उत्तर प्रदेश की 22 वर्षीय तान्या चौधरी ने महिला हैमर थ्रो में नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड कायम कर दिया। इंडियन एथलेटिक्स सीरीज फाइनल में तान्या ने 68.35 मीटर का शानदार थ्रो कर भारतीय महिला हैमर थ्रो का नया सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। उनका यह प्रदर्शन आगामी एशियाई खेलों से पहले भारतीय टीम के लिए बड़ी उम्मीद लेकर आया है।
तान्या का 68.35 मीटर का थ्रो पिछले राष्ट्रीय रिकॉर्ड से काफी आगे रहा। इससे पहले यह रिकॉर्ड उनकी ही राज्य की खिलाड़ी अनुष्का यादव के नाम था, जिन्होंने जून में इंटर-स्टेट नेशनल चैंपियनशिप में 67.02 मीटर का थ्रो किया था। इसी प्रतियोगिता में अनुष्का ने 66.34 मीटर के प्रदर्शन के साथ दूसरा स्थान हासिल किया।
तान्या और अनुष्का के बीच प्रतिस्पर्धा ने भारतीय महिला हैमर थ्रो में एक नई प्रतिद्वंद्विता को जन्म दिया है। राष्ट्रीय रिकॉर्ड तोड़ने के बाद तान्या ने भी माना कि दोनों खिलाड़ियों के बीच मुकाबला उन्हें बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि जब वे एक-दूसरे के साथ प्रतिस्पर्धा करती हैं तो दोनों का प्रदर्शन बेहतर होता है।
चोटों से जूझने के बाद बड़ी वापसी
तान्या की यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि उनका करियर कई चोटों से प्रभावित रहा है। इसके बावजूद उन्होंने लगातार मेहनत जारी रखी और अपने प्रदर्शन में सुधार किया। अब 68.35 मीटर के राष्ट्रीय रिकॉर्ड के साथ उन्होंने खुद को एशियाई स्तर पर भारत की मजबूत पदक दावेदारों में शामिल कर लिया है।
वर्ल्ड एथलेटिक्स के रिकॉर्ड के अनुसार तान्या का पिछला व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 63.91 मीटर था, जो अगस्त 2025 में मेरठ में दर्ज हुआ था। मौजूदा प्रदर्शन में उन्होंने इस आंकड़े को भी बड़े अंतर से पीछे छोड़ दिया है।
एक ही प्रतियोगिता में दो राष्ट्रीय रिकॉर्ड
इंडियन एथलेटिक्स सीरीज फाइनल में सिर्फ महिला हैमर थ्रो में ही रिकॉर्ड नहीं टूटा। पुरुषों की हैमर थ्रो स्पर्धा में दिल्ली के नirbhय चौधरी ने 71.02 मीटर का थ्रो कर नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने 70.73 मीटर के पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ा, जो 2016 में नीरज कुमार ने बनाया था।
इस तरह जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित प्रतियोगिता भारतीय हैमर थ्रो के लिए बेहद खास साबित हुई। एक ही दिन पुरुष और महिला दोनों वर्गों में राष्ट्रीय रिकॉर्ड टूटना भारतीय एथलेटिक्स में इस स्पर्धा की बढ़ती प्रतिस्पर्धा और गुणवत्ता को दर्शाता है।
अब लक्ष्य एशियाई खेलों में स्वर्ण
राष्ट्रीय रिकॉर्ड अपने नाम करने के बाद तान्या की नजर अब एशियाई खेलों पर है। उनका लक्ष्य केवल व्यक्तिगत प्रदर्शन तक सीमित नहीं है, बल्कि वह भारत के लिए पदक जीतना चाहती हैं। खास तौर पर 68 मीटर से अधिक की दूरी तय करने के बाद उनका आत्मविश्वास काफी बढ़ा होगा।
एशियाई स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने के लिए उन्हें अपने राष्ट्रीय रिकॉर्ड के प्रदर्शन को दोहराने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ निरंतरता बनाए रखनी होगी। हैमर थ्रो जैसी तकनीकी स्पर्धा में ताकत के साथ तकनीक, गति, संतुलन और सही समय पर रिलीज बेहद महत्वपूर्ण होते हैं।
तान्या का नया रिकॉर्ड भारतीय महिला हैमर थ्रो के लिए भी एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। 65 मीटर के स्तर से आगे निकलकर 68.35 मीटर तक पहुंचना इस बात का संकेत है कि भारतीय महिला थ्रो इवेंट्स में प्रदर्शन का स्तर तेजी से बढ़ रहा है।
एशियाई खेलों से ठीक पहले आया यह प्रदर्शन तान्या को पदक की दौड़ में नई ऊर्जा देगा। अब सभी की नजरें इस बात पर होंगी कि क्या वह अपने राष्ट्रीय रिकॉर्ड को एशियाई मंच पर भी चुनौतीपूर्ण प्रदर्शन में बदल पाती हैं। अगर वह 68 मीटर के आसपास या उससे आगे लगातार प्रदर्शन करती हैं, तो भारत की स्वर्ण पदक की उम्मीदें निश्चित रूप से मजबूत होंगी।
