4 सितंबर , 2026 (भारत बानी ब्यूरो ) : पंजाब की राजनीति में एक और अहम सियासी बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। क्षेत्र में प्रभाव रखने वाले गुरप्रीत सिंह सेखों के आम आदमी पार्टी (AAP) में शामिल होने की अटकलें तेज हो गई हैं। सूत्रों के मुताबिक, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के फिरोजपुर दौरे के दौरान सेखों के AAP में शामिल होने की संभावना है। हालांकि, उनके पार्टी में शामिल होने को लेकर अंतिम आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
गुरप्रीत सिंह सेखों पिछले कुछ समय से फिरोजपुर क्षेत्र की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। हाल के महीनों में उनकी AAP नेताओं के साथ बढ़ती नजदीकियों ने राजनीतिक हलकों में चर्चा को जन्म दिया है। सेखों ने खुद भी पहले AAP सरकार के कामकाज की प्रशंसा की थी और संकेत दिया था कि भविष्य में वह किसी राजनीतिक दल के साथ औपचारिक रूप से जुड़ सकते हैं।
AAP से बढ़ती नजदीकियों के संकेत
सेखों ने हाल ही में मुडकी नगर पंचायत के अध्यक्ष पद के चुनाव में AAP के पार्षद गुरतेज सिंह का समर्थन किया था। गुरतेज सिंह के सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुने जाने के बाद सेखों ने उनके घर जाकर उन्हें बधाई दी और अध्यक्ष पद के लिए अपना समर्थन सार्वजनिक किया।
इस घटनाक्रम को क्षेत्र की राजनीति में महत्वपूर्ण माना गया क्योंकि सेखों ने पार्टी की सीमाओं से ऊपर व्यक्तिगत संबंधों को महत्व देने की बात कही थी। उन्होंने यह भी कहा था कि उनकी नजर में अच्छा काम करने वालों की सराहना राजनीतिक संबद्धता से अलग होनी चाहिए।
इसी दौरान सेखों ने पंजाब में AAP सरकार के काम की भी तारीफ की थी। उन्होंने संकेत दिया था कि केवल निर्दलीय रहकर राजनीति करना पर्याप्त नहीं है और जनता की प्रभावी सेवा के लिए भविष्य में किसी राजनीतिक दल के साथ औपचारिक जुड़ाव जरूरी हो सकता है।
पहले भी AAP में शामिल होने की संभावना जताई थी
गुरप्रीत सेखों ने मई में अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर पूछे गए सवाल पर AAP में शामिल होने की संभावना को पूरी तरह खारिज नहीं किया था। उन्होंने कहा था कि इस तरह का कोई भी फैसला वह अपने मित्रों और शुभचिंतकों से सलाह-मशविरा करने के बाद और अपने क्षेत्र के लोगों के हित को ध्यान में रखते हुए लेंगे।
एक वरिष्ठ AAP नेता ने भी उस समय संकेत दिया था कि सेखों के पार्टी में शामिल होने की संभावना है, हालांकि उन्होंने यह भी कहा था कि राजनीतिक फैसलों में अंतिम घोषणा तक कई चीजें बदल सकती हैं।
CM मान के दौरे पर नजर
अब मुख्यमंत्री भगवंत मान के फिरोजपुर दौरे को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने के बीच सेखों के AAP में शामिल होने की संभावना को खास महत्व दिया जा रहा है। यदि वह मुख्यमंत्री की मौजूदगी में पार्टी में शामिल होते हैं, तो यह क्षेत्र में AAP के लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण घटनाक्रम हो सकता है।
फिरोजपुर जिले में स्थानीय स्तर पर सेखों का प्रभाव और उनके समर्थकों की मौजूदगी AAP के लिए महत्वपूर्ण मानी जा सकती है। खासकर आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए राजनीतिक दल अपने जनाधार को मजबूत करने के लिए प्रभावशाली स्थानीय नेताओं और समूहों को अपने साथ जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
स्थानीय चुनावों ने बदला सियासी समीकरण
पंजाब में हाल में हुए स्थानीय निकाय और ग्रामीण चुनावों के बाद कई क्षेत्रों में राजनीतिक समीकरण बदलते दिखाई दिए हैं। फिरोजपुर में भी स्थानीय स्तर पर विभिन्न राजनीतिक समूहों के प्रदर्शन ने आने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर चर्चाओं को बढ़ाया है।
दिसंबर 2025 में हुए जिला परिषद चुनावों में सेखों के नेतृत्व वाले आजाद समूह ने फिरोजपुर में दो सीटों पर जीत हासिल की थी। इस प्रदर्शन ने क्षेत्र में उनके राजनीतिक प्रभाव को लेकर चर्चा को और मजबूत किया।
सेखों के परिवार से जुड़ी उम्मीदवारों ने भी इन चुनावों में सफलता हासिल की थी। इसके बाद उनके अगले राजनीतिक कदम को लेकर अलग-अलग तरह की अटकलें लगाई जाती रही हैं।
पहले SAD से जुड़ने की थी चर्चा
सेखों के राजनीतिक भविष्य को लेकर इससे पहले शिरोमणि अकाली दल (SAD) के साथ जाने की भी चर्चा हुई थी। उनके परिवार से जुड़ी दो महिलाओं ने जिला परिषद चुनावों में SAD के समर्थन से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की थी। इसके बाद माना जा रहा था कि सेखों अकाली दल के साथ राजनीतिक गठजोड़ कर सकते हैं।
हालांकि, पिछले कुछ महीनों में AAP के साथ उनकी बढ़ती नजदीकियों ने इन अटकलों को बदल दिया। AAP नेताओं के साथ सार्वजनिक कार्यक्रमों में उनकी मौजूदगी और पार्टी सरकार की प्रशंसा ने उनके संभावित राजनीतिक रुख को लेकर नई चर्चा शुरू कर दी।
Zira सीट को लेकर भी चर्चा
सेखों ने पहले संकेत दिया था कि वह आगामी विधानसभा चुनाव में जीरा विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने की इच्छा रखते हैं। जीरा सीट फिलहाल AAP के पास है और यहां पार्टी के विधायक नरेश कटारिया हैं।
ऐसे में यदि सेखों AAP में शामिल होते हैं, तो पार्टी के भीतर उनकी संभावित राजनीतिक भूमिका और चुनावी भविष्य को लेकर भी चर्चा होना स्वाभाविक है। हालांकि, किसी भी विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाए जाने का फैसला पार्टी नेतृत्व द्वारा बाद में किया जाएगा।
AAP के लिए कितना महत्वपूर्ण होगा कदम?
गुरप्रीत सेखों का AAP में शामिल होना पार्टी के लिए फिरोजपुर और आसपास के इलाकों में स्थानीय राजनीतिक समीकरणों को प्रभावित कर सकता है। उनके साथ आने वाले समर्थकों की संख्या और उनका क्षेत्रीय प्रभाव पार्टी के संगठन को मजबूत करने में भूमिका निभा सकता है।
दूसरी ओर, विपक्षी दल इस घटनाक्रम को अपने-अपने राजनीतिक नजरिए से देखेंगे। यदि सेखों मुख्यमंत्री भगवंत मान की मौजूदगी में AAP में शामिल होते हैं, तो पार्टी इसे क्षेत्र में अपने बढ़ते जनसमर्थन और संगठनात्मक विस्तार के संकेत के रूप में पेश कर सकती है।
फिलहाल सबसे ज्यादा नजर मुख्यमंत्री भगवंत मान के फिरोजपुर दौरे और उस दौरान होने वाली राजनीतिक गतिविधियों पर है। सेखों की संभावित एंट्री की आधिकारिक पुष्टि के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि वह AAP में किस भूमिका में शामिल होते हैं और पार्टी उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर क्या रणनीति अपनाती है।
कुल मिलाकर, गुरप्रीत सिंह सेखों के संभावित AAP में शामिल होने से फिरोजपुर की राजनीति में हलचल बढ़ गई है। सेखों के हालिया राजनीतिक कदमों और AAP नेताओं के साथ बढ़ती नजदीकियों को देखते हुए मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान उनका पार्टी में शामिल होना क्षेत्र के आगामी राजनीतिक समीकरणों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
